कन्नौज: एक अजीबोगरीब मामला सामने आया है, जहां समाजवादी मजदूर सभा ने बिना पूरी जानकारी के मृतकों के लिए मुआवजे की मांग कर दी। दरअसल, 11 जनवरी को कन्नौज रेलवे स्टेशन पर निर्माणाधीन वेटिंग हॉल की शटरिंग और लेंटर गिरने से 24 मजदूर मलबे में दब गए थे। स्थानीय लोगों की मदद से महज दो घंटे में सभी मजदूरों को सुरक्षित निकाल लिया गया और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया।
इस घटना में किसी की मृत्यु नहीं हुई और सभी घायलों की स्थिति में सुधार देखा गया लेकिन समाजवादी मजदूर सभा के प्रदेश सचिव नीरज कुमार दोहरे और जिलाध्यक्ष मेजर सिंह यादव ने बिना स्थिति की पुष्टि किए कलेक्ट्रेट पहुंचकर डीएम को ज्ञापन सौंप दिया। उन्होंने प्रत्येक मृतक के परिवार के लिए 10 लाख रुपये का मुआवजा और मृतक आश्रित के लिए नौकरी की मांग कर डाली।
जिलाध्यक्ष ने स्वीकार किया कि उन्हें मजदूरों की मौत न होने की जानकारी नहीं थी।
जब मेजर सिंह यादव से इस बारे में पूछा गया तो उन्होंने स्वीकार किया कि उन्हें मजदूरों की मौत न होने की जानकारी नहीं थी। उन्होंने बताया कि पार्टी कार्यकर्ताओं ने 7 मजदूरों की मौत की सूचना दी थी, जिसके आधार पर वे कलेक्ट्रेट पहुंच गए। इस गलती के कारण अब समाजवादी पार्टी की किरकिरी हो रही है और भाजपा को उनकी आलोचना का मौका मिल गया है।